मध्य पूर्व में इजरायल, अमेरिका और ईरान के बीच जारी युद्ध जैसे हालात का असर अब पंजाब में साफ दिखने लगा है. गैस सिलेंडर की किल्लत के बीच कीमतों में हुई बढ़ोतरी से आम जनता का गुस्सा भड़क उठा और चंडीगढ़, अमृतसर और लुधियाना में बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए. प्रदर्शनकारियों का कहना है कि एक तरफ सिलेंडर मिल नहीं रहे और दूसरी तरफ जो मिल रहे हैं उनके दाम आसमान छू रहे हैं. इससे आम परिवारों का रसोई का बजट बिगड़ गया है और लोग सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर रहे हैं.
विभिन्न जिलों में गैस एजेंसियों के बाहर लोगों की भीड़ लगने लगी है. लोग घंटों लंबी कतारों में खड़े होकर सिलेंडर हासिल करने की कोशिश कर रहे हैं लेकिन बड़ी संख्या में लोगों को खाली हाथ लौटना पड़ रहा है. पंजाब सरकार हरकत में आ गई है और कालाबाजारी पर निगरानी व कार्यवाही के आदेश दे दिए गए हैं.
CM भगवंत मान ने खाद्य आपूर्ति मंत्री से ली रिपोर्ट
बढ़ते असंतोष और विरोध प्रदर्शनों के बीच CM
भगवंत मान ने खाद्य आपूर्ति मंत्री से हालात पर चर्चा कर वर्तमान स्थिति की रिपोर्ट ली. मंत्री कटारुचक ने इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम के आला अफसरों और विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक ली. बैठक में तेल कंपनियों से रसोई गैस और व्यावसायिक गैस सिलेंडरों की मौजूदा स्थिति की जानकारी मांगी गई. तेल कंपनियों ने फिलहाल आश्वस्त किया है कि अभी किसी तरह की कोई किल्लत नहीं है.
10 हजार शादियों की चिंता, मंत्री बोले – अफवाहों पर भरोसा न करें
विधानसभा में मंत्री कटारुचक ने बताया कि आने वाले दिनों में पंजाब में करीब 10 हजार शादियां होने वाली हैं और लोगों को यह चिंता सता रही है कि बिना रसोई गैस सिलेंडर के ये शादियां कैसे निपटेंगी. इस आशंका ने लोगों में और अधिक बेचैनी पैदा कर दी है. मंत्री ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर भरोसा न करें और सिलेंडर स्टॉक करने का प्रयास न करें.
केंद्र और राज्य सरकारें दे रहीं भरोसा, जनता में अभी भी बेचैनी बरकरार
केंद्र सरकार और राज्य सरकार बार-बार लोगों को विश्वास दिलाने की कोशिश कर रही हैं कि एलपीजी गैस सिलेंडरों की आपूर्ति बाधित नहीं होगी. लेकिन सरकार के आश्वासन के बावजूद लोगों की बेचैनी कम होती नहीं दिख रही और गैस एजेंसियों के बाहर लंबी कतारें लगी हुई हैं.