राकेश बेदी ने फ़िल्म ‘धुरंधर: द रिवेंज’ में जमील जमाली का किरदार निभाने के पीछे की प्रेरणा को लेकर फैली गलतफ़हमी को दूर किया। उन्होंने इस बात पर भी सफाई दी कि क्या उनका किरदार किसी असल ज़िंदगी के राजनेता पर आधारित है।
पाकिस्तानी राजनेता नबील गबोल ने निर्देशक आदित्य धर की फ़िल्म ‘धुरंधर: द रिवेंज’ में अपने कथित काल्पनिक चित्रण को लेकर निराशा ज़ाहिर की थी। फ़िल्म में जमील जमाली का किरदार निभाने वाले अभिनेता राकेश बेदी ने गबोल को मज़ाकिया अंदाज़ में जवाब दिया।’द लल्लनटॉप’ को दिए एक इंटरव्यू में बेदी ने बताया कि उनके और गबोल के बीच कोई समानता नहीं है, सिवाय इसके कि दोनों दिखने में एक जैसे लगते हैं।
उन्होंने कहा, “मैं कहना चाहूंगा, आई लव यू, नबील गबोल। मैं आपसे बहुत प्यार करता हूं, और यह महज़ एक इत्तेफ़ाक है कि मैं थोड़ा-बहुत आपके जैसा दिखता हूं। लेकिन इसमें मैं कुछ नहीं कर सकता।” अपनी शक्ल-सूरत में समानता के बारे में बात करते हुए अभिनेता ने आगे कहा, “न तो आपके पिता कभी भारत आए, और न ही मेरे पिता कभी पाकिस्तान गए। लेकिन हमारी शक्ल-सूरत को छोड़ दें, तो हम एक जैसे दिखते हैं; हमारे शरीर में थोड़ा भारीपन है, जिसकी वजह से हम एक जैसे लगते हैं। मैंने फ़िल्म में भी वैसे ही कपड़े पहने थे, इसलिए हम एक जैसे दिखे। इसके अलावा मेरे और उनके बीच कोई समानता नहीं है।”
उन्होंने इस दावे को पूरी तरह से खारिज कर दिया कि यह किरदार उस राजनेता पर आधारित था। बेदी ने आखिर में कहा, “मेरा किरदार नबील गबोल पर आधारित नहीं है। जमील जमाली का किरदार पाकिस्तान के ऐसे कई राजनेताओं से प्रेरित है।”

